अगर आप शेयर मार्केट से पैसे कमाना चाहते हैं। तो आपको पता होना चाहिए कि शेयर मार्केट क्या है? और कैसे काम करता है? साथ ही शेयर मार्केट से जुड़ी बाकी चीजों, जैसे कि BSE, NSE, Sensex, Nifty, SEBI, Demat Account, Brokerage, Stocks, Trading, आदि के बारे मे भी अच्छी-खासी समझ होनी चाहिए। तभी आप Share Market से पैसे कमा सकते हैं। वरना पैसे गंवा भी सकते हैं। सो अगर आप Stock Market में Invest करने की सोच रहे हैं! तो पहले अच्छे-से समझ लीजिए कि Share Market Kya Hai? और यह कैसे काम करता है?
Share Market (Stock Market)
आजकल लोग FDs (Fixed Deposits) और PPF (Public Provident Fund) की बजाय Share Market में पैसा लगाना ज्यादा पसंद करते हैं। क्योंकि FDs और PPF में बहुत ही कम Return मिलता है। यानि कि Tax वगैरह कट-कटाकर सिर्फ 4-5% रिटर्न हाथ लगता है। वहीं Saving Bank Accounts का तो और बुरा हाल है। इतना बुरा कि सिर्फ 2.5% से 3% ब्याज मिलता है। उसमें भी कई तरह की सीमाऐं हैं। ऐसे में आपके पास दो ही विकल्प बचते हैं। या तो आप Mutual Funds में Invest करें। या फिर Stock Market में।
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म्युचुअल फंड्स में Invest करना काफी आसान है। लेकिन इसमें Risk बहुत ज्यादा है। यानि कि जितना ज्यादा Return, उतना ही ज्यादा Risk. और जितने कम Risk वाले Plans लेंगे उतना ही कम Return मिलेगा। इसीलिए Share Market एक अच्छा विकल्प है। लेकिन इसका यह मतलब नहीं है कि शेयर मार्केट में रिस्क नहीं है। रिस्क बहुत है, लेकिन Risk को Cover करने के कई तरीके हैं। यानि कि आप अपने Loss को वापिस Cover कर सकते हैं। लेकिन Mutual Funds में यह सुविधा नहीं मिलती। यही वजह है कि Share Market एक भरोसेमंद विकल्प नजर आता है।
आपको बताना चाहूँगा कि पिछले 2-3 सालों में Share Market में इतने नये Investors आए हैं! कि इन्वेस्टर्स की संख्या लगभग दो गुना हो चुकी है। यानि कि COVID-19 के दौरान इतने Demat Account खुले हैं कि पूछिए मत! अब न सिर्फ अमीर लोग, बल्कि Middel Class और Lower Middle Class लोग भी Share Market में Invest कर रहे हैं। लेकिन सवाल यह है कि यह शेयर मार्केट है क्या? और इसमें Invest कैसे करें? आइए, विस्तार से समझते हैंं।
Share Market Kya Hai?
शेयर मार्केट एक ऐसा बाजार है, जहाँ Shares की खरीद-फरोख्त होती है। यानि कि शेयर्स को खरीदा और बेचा जाता है। यह ठीक वैसे ही है, जैसे सब्जी मंंडी में सब्जियों को खरीदा-बेचा है। यानि कि जिस तरह सब्जी मंडी में सब्जियों का व्यापार होता है, उसी तरह Share Market में शेयर्स का व्यापार (Trade) होता है।
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अगर आसान भाषा में कहें तो Share Market एक खुला बाजार है। जहाँ आप किसी भी कंपनी के Stocks खरीद सकते हैं। और जब चाहें, बेच सकते हैं। बस आपके पास Demat Account होना चाहिए। और जिस कंपनी के शेयर आप खरीदना चाहते हैं, वह NSE या BSE में Listed होनी चाहिए। अब आप पूछेंगे कि यह NSE और BSE क्या बला है? और यह Demat Account क्या होता है? तो आइए, शेयर मार्केट से जुड़ी एक-एक चीज के बारे में विस्तार से जानते हैं।
Stock Exchange
स्टॉक एक्सचेंज एक मार्केट होता है, जहांँ Stocks का लेन-देन (व्यापार) होता है। और इसके लिए तमाम जरूरी सुविधाएं मिलती हैं। यानि कि Infrastructure से लेकर Technology और Buyer से लेकर Seller तक सब-कुछ मिलता है। बस, आपको कुछ फीस देनी पड़ती है। अगर बात करें Stock Exchanges की, तो हमारे देश में 2 बड़े Stock Exchanges हैं। एक NSE (National Stock Exchange और दूसरा BSE (Bombay Stock Exchange).
1. NSE (National Stock Exchange)
NSE का पूरा नाम National Stock Exchange of India Limited है। इसकी स्थापना 1992 में हुई थी। यह भारत का पहला Electronic Stock Exchange है, जो पूरी तरह Automated है। यह एक Screen-Based Trading System है, जो Real-Time Data दिखाता है। इसके सूचकांक (Index) को Nifty कहा जाता है। जो देश की Top-50 कंपनियों की Performance के आधार पर तय होता है। इसलिए इसे Nifty 50 (Nifty Fifty) के नाम से भी जाना जाता है।
2. BSE (Bombay Stock Exchange)
BSE का पूरा नाम Bombay Stock Exchange Limited है। इसकी स्थापना 1875 में हुई थी। यह एशिया का पहला और सबसे पुराना स्टॉक एक्सचेंज है। साथ ही विश्व का 10 वाँ सबसे पुराना स्टॉक एक्सचेंज है। इसके सूचकांक (Index) को Sensex कहा जाता है। और यह सूचकांक देश की 30 सबसे बड़ी व पॉवरफुल कंंपनियों की Performance के आधार पर तय होता है।
IPO (Initial Public Offering)
IPO का मतलब है, Intial Public Offering. अर्थात् किसी प्राइवेट कंंपनी में पब्लिक को हिस्सेदार बनाना। या कंपनी की हिस्सेदारी का कुछ हिस्सा Public को बेचना। असल में जब किसी कंपनी को पैसों की जरूरत पड़ती है, तो वह Share Market में जाकर खुद को List करती है। और अपना Share लॉन्च करती है। इसी को IPO (Initial Public Offering) कहा जाता है। यानि कि कंपनी अपनी हिस्सेदारी को Public को ऑफर करती है, जिसे कोई भी आम आदमी खरीद सकता है।
Share (Stock)
शेयर का मतलब होता है, हिस्सा। यानि कि किसी कंपनी की कुल हिस्सेदारी का एक छोटा-सा अंश हिस्सा Share कहलाता है। उदाहरण के लिए मान लीजिए कि XYZ नाम की कोई कंपनी है, जिसकी Market Value 100 करोड़ है। और कंंपनी को अपना Business फैलाने के लिए ढ़ेर सारा पैसा चाहिए। लेकिन कंपनी को इतना पैसा मिल नहीं पा रहा। इसीलिए कंपनी अपनी 50% हिस्सेदारी Public को बेचना चाहती है, ताकि उसे तुरंत Cash मिल सके।
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इसके लिए कंपनी अपनी कुल हिस्सेदारी के एक करोड़ (1,00,00,000) छोटे-छोटे हिस्से करती है। और उनमें से 50% (यानि कि पचास लाख) हिस्से, शेयर मार्केट में बेच देती है। इन्हीं हिस्सों को शेयर्स कहा जाता है। अब मान लीजिए कि 1 शेयर की कीमत 100 रूपये रखी जाती है, तो ऐसे में कंपनी को 50 लाख शेयर्स के बदले 50 करोड़ रूपये मिल जाऐंगे। इस तरह एक प्राइवेट कंपनी अपनी हिस्सेदारी बेचकर Funds जुटाती है।
Demate Account
डीमैट अकाउंट एक तरह का डिजिटल लॉकर है, जिसमें आपके Shares को रखा जाता है। यानि कि जो शेयर्स आप भविष्य के लिए (Holding के लिए) खरीदते हैं, उन्हें आपके Demate Account में Digitally Store करके रखा जाता है। और ये शेयर्स आपके अकाउंट में तब तक सुरक्षित रहते हैं, जब तक कि आप उन्हें बेच नहीं देते।
अगर आसान भाषा मेंं कहें तो यह आपके Bank Locker की तरह ही एक Digital Locker होता है, जिसमें आपके Shares को रखा जाता है। अब आप पूछेंगे कि डीमैट अकाउंट कैसे और कहाँ से खुलवाऐं? और इसके लिए कितनी फीस और क्या-क्या Documents चाहिए? तो इसके बारे में हम आगे विस्तार से बात करेंगे। फिलहाल जानते हैं Trading Account के बारे में।
Trading Account
जिस अकाउंट से आप शेयर मार्केट में Trade करते हैं या शेयर्स की खरीद-फरोख्त करते हैं, वह Trading Account कहलाता है। अर्थात् जिस अकाउंट से आप Transactions करते हैं, वह Trading Account कहलाता है। यह आपके Demat Account से Linked होता है। और आप शेयर मार्केट से जो भी खरीददारी करते हैं, उसका Payment इसी Trading Account से किया जाता है। अगर आसान भाषा में कहें तो यह आपका Transaction Account होता है! जिसमें Funds Add करके आप शेयर्स खरीद सकते हैं।
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आमतौर पर जब आप किसी Broker से अपना Demat Account खुलवाते हैं, तो वह आपको दोनों अकाउंट्स साथ में खोलकर देता है। यानि कि डीमैट अकाउंट के साथ-साथ Trading Account भी खोलकर देता है। क्योंकि ये दोनों आपस में जुड़े हुए (Linked) होते हैं। इसीलिए हर ब्रॉकर दोनों अकाउंट्स साथ में खोलकर देता है।
अब आप पूछेंगे कि Trading Account Vs Demat Account में फर्क क्या है? तो फर्क यह है कि डीमैट अकाउंट सिर्फ एक Online Storage है, जिसमें आपके Shares की Digital Copies रखी जाती हैं। इसके अलावा डीमैट अकाउंट का और कोई काम नहीं है। लेकिन Trading Account एक ट्रांजेक्शनल अकाउंट है, जिससे आप लेन-देन करते हैं। अर्थात् Shares की खरीद-फरोख्त करते हैं। और प्रत्येक लेन-देन का Payment करते हैं।
Intraday Trading
इंट्रा-डे ट्रेडिंग का मतलब है एक दिन की ट्रेडिंग। यानि कि जिस दिन शेयर खरीदे, उसी दिन बेचना अनिवार्य है। भले ही फायदा हो या नुकसान। कोई फर्क नहीं पड़ता। हालांकि इसमें 5 गुना तक मार्जिन मिल जाता है, लेकिन यह काफी Risky होता है। इसीलिए बिना जानकारी के कभी भी Intraday Trading नहीं करनी चाहिए। क्योंकि इसमें ज्यादातर लोग अपना पैसा गंवाते हैं।
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उदाहरण के लिए मान लीजिए कि आप एक Intraday Trader हैं। और आपने 2600 रूपये प्रति शेयर के भाव से Reliance Jio के 100 शेयर खरीदे। इस उम्मीद में कि आज शेयर का भाव बढ़ेगा। लेकिन शेयर का भाव बढ़ने की बजाय 100 गिरकर 2500 रूपये पहुंच जाता है। और बाजार बंद होने वाला है। तो ऐसी स्थिति में आपको सारे शेयर्स बेचने पड़ेंगे। और आपको 10,000 रूपये + Charges का नुकसान उठाना पड़ेगा।
Investment
यह Intraday Trading के एकदम विपरीत है। इसमें आप शेयर्स को लम्बे समय तक Hold करके रख सकते हैं। यानि कि आज खरीदे हुए शेयर्स को 10, 15 या 20 साल बाद बेच सकते हैं। इसी को Holding कहा जाता है। इसके लिए आपको Shares की Delivery लेनी पड़ती है। यानि कि शेयर्स को अपने Demat Account में मंगवाना पड़ता है। और इसके लिए Shares की पूरी कीमत एक साथ चुकानी पड़ती है। इसमें कोई मार्जिन नहीं मिलता।
उदाहरण के लिए मान लीजिए कि आज आपने 5 रूपये प्रति शेयर के भाव से एक नई कंपनी के 1000 शेयर खरीदे। और कुल 5,000 रूपये चुकाए। लेकिन 10 साल बाद वह कंपनी Grow होकर एक बड़ी कंपनी बन जाती है। और उसके एक शेयर कीमत बढ़कर 2000 हो जाती है। ऐसे में अगर आप अपने 1000 शेयर्स को बेचेंगे तो आपको 20,00,000 रूपये मिलेंगे। यानि कि 20,00,000 – 5,000 = 19,95,000 रूपये का मुनाफा होगा। इसी को Investment कहते हैं।
Settlement Day
भारतीय शेयर मार्केट में T+2 दिन का Settlement Period होता है। यानि कि शेयर्स की डिलीवरी में T+2 दिन का वक्त लगता है। अब आप पूछेंगे का यह T+2 दिन क्या है? तो T का मतलब है Trading Day या Transaction Day. और T+2 का मतलब है Transaction Day + 2 दिन। इसका मतलब यह है कि अगर आप आज किसी कंपनी के शेयर खरीदते हैं! तो वे 2 दिन बाद आपके डीमैट अकाउंट में पहुँचेंगे।
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उदाहरण के लिए मान लीजिए आज 07 अप्रैल है और आपने किसी कंपनी के 200 शेयर डिलीवरी के लिए खरीदे। तो आज का दिन (यानि कि 07 अप्रैल) आपका ट्रेडिंग डे (T Day) होगा। और उसके अगले 2 दिन, यानि कि 08 और 09 अप्रैल T+2 Day कहलाऐंगे। यानि कि ये 200 शेयर आपके अकाउंट में 09 अप्रैल को पहुंचेंगे। इन दो दिनों में आप अपने Shares को बेच नहीं सकते। हाँ, Trading Day वाले दिन बेच सकते हैं। लेकिन उसके बाद अगले 2 दिनों में नहीं बेच सकते।
क्योंकि इस दौरान आपके पैसे Seller के पास पहुँचाए जाते हैं। और उसके Shares आपके डीमैट अकाउंट में पहुंचाए जाते हैं। इसी तरह जब आप अपने Hold किए Shares बेचते हैं। तो 80% पैसा आपको तुरंत मिल जाता है। और 20% पैसा दो दिन बाद मिलता है। यानि कि जब आपके शेयर्स Buyer के डीमैट अकाउंट में पहुंच जाते हैं, तब आपको पूरा Payment किया जाता है।
Demat Account के लिए जरूरी चीजें
आपको बताना चाहूँगा कि हमारे देश में 2 मैन डिपोजिटरीज हैं। एक NSDL (National Securities Depository Limited) और दूसरी CDSL (Central Depository Services Limited). ये दोनों Depositories मिलकर न सिर्फ नये डीमैट अकाउंट्स खोलती हैं। बल्कि उन्हें Manage भी करती हैं। लेकिन आपको किसी डिपोजिटरी के पास जाने की जरूरत नहीं है। क्योंकि यह काम आपका Broker कर देता है। अर्थात् वह आपके Behalf पर आपका डीमेट अकाउंट खुलवा देता है।
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लेकिन समस्या यह है कि ब्रोकर का चुनाव कैसे करें? क्योंकि इस वक्त देश में Zerodha, Angel One, Upstock, Groww, 5Paisa, Motilal Oswal, Sharekhan, ICICI Direct, Kotak Securities, HDFC Securities और SBI Capital जैसे दर्जनों Stock Brokers हैं? ऐसे में सही ब्रोकर का चयन कैसे करें? आखिर इनमें से बेस्ट कौन है? और कौन सबसे कम Brokerage (फीस और चार्जेज) लेता है? आइए, जानते हैं।
Top-5 Brokers In India
अगर Top 5 Discount Brokers of India की बात करें! तो इनमें Zerodha का नाम सबसे पहले नम्बर पर आता है। यह भारत का No.1 Discount Broker है। जबकि Upstock, Angle One, Grow और 5 Paisa क्रमशः दूसरे, तीसरे, चौथे और पाँचवें नम्बर पर हैं। इनमें से जीरोधा और अपस्टॉक सबसे Best Discount Brokers हैं। क्योंकि इनकी सर्विस बहुत अच्छी है। साथ ही दोनों में पहले नम्बर को लेकर Compitition है। इसीलिए दोनों एक-दूसरे से बेहतर सर्विस देने की कोशिश करते हैं।
वहीं तीसरे नम्बर पर Angle One है, जो थोड़ा महंगा है। लेकिन सर्विस के मामले में काफी अच्छा है। हालांकि यह आपको Free Demat Account ऑफर करता हैं। लेकिन इसके चार्जेज (खासकर DP Charges) थोड़े High हैं। इसीलिए यह Zerodha और Upstock के मुकाबले थोड़ा महंगा है।
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आपको बताना चाहूंँगा कि Account Opening Charge सिर्फ एक बार लगता है। लेकिन बाकी चार्जेज बार-बार लगते हैं। यानि कि जब-जब आप Stocks खरीदते या बेचते हैं, तब-तब आपको ये Charges देने पड़ते हैं। इसीलिए ये काफी महंगे पड़ते हैं। क्योंकि हर ट्रांजेक्शन पर आपको Extra Pay करना पड़ता है। इसीलिए Free Demat Account के चक्कर में न पड़ें। बल्कि Fees और Charges पर ध्यान दें।
Fee & Charges Comparison
एक ब्रोकर अपने Customers से कई तरह के Charges लेता है। ये चार्जेज काफी महत्वपूर्ण होते हैं। क्योंकि ये आपकी कमाई को प्रभावित करते हैं। इसीलिए आपको इनके बारे में प्रोपर जानकारी होनी चाहिए। यहाँ हम India’s Top 3 Stock Brokers के Fee & Charges की तुलना करेंगे। तो आइए, जानते हैं कि Zerodha vs Upstock vs Angel One के फीस एवं चार्जेज में क्या Differences हैं :-
| Brokerage | Zerodha | Upstock | Angle One |
|---|---|---|---|
| A/c. Opening Charge | ₹200/- | ₹249/- | Free |
| Annual Maintenance Charge | ₹300/- | Free | ₹249 |
| Intraday Brokerage Fee | ₹20/0.03% (जो भी कम हो) | ₹20/0.05% (जो भी कम हो) | ₹20/- Per Order |
| Delivery Brokerage Charge | Free | ₹20/0.05% (जो भी कम हो) | Free |
| F&O (Equity Future) | ₹20/0.03% (जो भी कम हो) | ₹20/0.05% (जो भी कम हो) | ₹20/- Per Order |
| F&O (Equity Option) | ₹20/- | ₹20/- | ₹20/- |
| DP Charges | ₹13.5/- Per Script | ₹18.5/- Per Script | ₹20/- Per Script |
Zerodha vs Upstock vs Angel One
अगर Fees और Charges की बात करें तो इस मामले में Zerodha सबसे Best है। क्योंकि जीरोधा के Charges सबसे कम हैं। लेकिन वहीं Upstock थोड़ा-सा महंगा है। खासकर DP Charges के मामले में। और Angle One तो अपस्टॉक से भी महंगा है। इसीलिए हम जीरोधा का चुनाव करेंगे। क्योंकि Zerodha भारत का No.1 Stock Broker है। साथ ही इसकी Service सबसे अच्छी है। और Charges भी सबसे कम हैं। इसीलिए जीरोधा सबसे बेस्ट है।
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हालांकि अकाउंट खुलवाते वक्त यह आपसे 200 रूपये Account Opening Charge लेता है। लेकिन इसके बदले आपको इतने सारे फीचर्स मिलते हैं कि पूछिए मत! अगर आप स्मार्टफोन से ट्रेडिंग करना चाहते हैं तो जीरोधा की मोबाइल ऐप्प काफी है। इसमें सारे फीचर्स मिल जाते हैं। साथ ही Option Trading का विकल्प भी मिल जाता है। यानि कि जीरोधा एक फीचर समृद्ध प्लेटफॉर्म है, जहाँ आपको हर सुविधा मिल जाती है। इसीलिए Zerodha सबका फेवरेट है। खैर, आइए स्टेप-बाई-स्टेप समझते हैं कि Zerodha पर डीमैट अकाउंट कैसे खोलें?
Required Documents
डीमैट अकाउंट खोलने के लिए कुछ डॉक्यूमेंट्स की जरूरत पड़ती है। इनमें आपका पैन कार्ड, आधार कार्ड और बैंक अकाउंट मुख्य होता है। लेकिन इसके अलावा आपके Signature और फोटो (सेल्फी With A Code) भी जरूरी होती है। इसीलिए अकाउंट ओपनिंग प्रोसेस शुरू करने से पहले निम्न दस्तावेज तैयार कर लें :-
- आधार कार्ड (Aadhaar Card)
- पैन कार्ड (PAN Card)
- A Signed Copy of PAN Card
- Cancelled Cheque या Bank Statement
- Signature On White Paper
- A Blank Paper & Pen/Marker
- Bank Account Details
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आधार कार्ड और पैन कार्ड को DigiLocker में सेव कर लें, ताकि अपलोड करने की जरूरत न पड़े। PAN Card की एक Sign की हुई कॉपी अपने Phone में Save कर लें। साथ ही एक White Paper पर सिग्नेचर करके उसका फोटो अपने फोन में सेव कर लें। और एक Cancelled Cheque या फिर बैंक अकाउंट स्टेटमेंट की एक कॉपी भी अपने फोन में सेव करके रख लीजिए। ताकि बीच में किसी तरह की कोई परेशानी न हो। इसके अलावा एक Blank White Paper और एक पेन या मार्कर अपने पास जरूर रख लें। क्योंकि इसकी जरूरत पड़ेगी।
Demat Account कैसे खोलें?
अब सवाल यह है कि Demat Account कैसे खोलें? How to open a demat account? तो इसके लिए निम्न Steps को Follow कीजिए।
समय की आवश्यकता: 8 मिनट
Demat Account कैसे खोलें?
- Website Open करें:
सबसे पहले अपने फोन या लैपटॉप में Zerodha Account Opening Link को ओपन कीजिए।
- Mobile Number Verify करें:
अब अपना Aadhaar Card से लिंंक्ड मोबाइल नम्बर दर्ज कर Continue पर क्लिक कीजिए। और OTP डालकर Verify कर दीजिए।
- Email Address Verify करें:
अब अपना Name और Email Address दर्ज कर Continue पर क्लिक कीजिए। और Email OTP दर्ज कर Verify कर ।
- PAN Number Enter करें:
अब अपना PAN Card Number और DOB (जन्मतिथि) दर्ज कर Continue पर क्लिक करना है।
- Account Opening Fee भरें:
अब अपनी UPI ID, Digital Wallet, Credit Card, Debit Card अथवा Internet Banking के माध्यम से Payment कीजिए।
- Aadhaar eKYC कम्प्लीट करें:
अब Continue to DigiLocker पर क्लिक कीजिए। और अपना आधार नम्बर और OTP डालकर Continue कीजिए। और Access को Allow करके फिर से Continue ।
- अपनी Profile कम्प्लीट करें:
अब आपको अपनी प्रोफाइल कंपलीट कीजिए। और Continue पर क्लिक कर दीजिए।
- Bank Account Link करें:
अब अपना Bank Account Link कीजिए। आप Link Using IFSC और Link Using UPI ID में से किसी एक का चुनाव कर सकते हैं।
- Webcam Verification करें:
अब आपको Webcame Verification करना है। इसके लिए स्क्रीन पर दिख रहे 4 अंकों के कोड को Blank Paper पर नोट कीजिए। और उसके साथ सेल्फी लेकर OK पर क्लिक कीजिए।
- Documents Upload करें:
सबसे पहले अपना Income Proof उसके बाद Signature और अंत में Signed Copy of PAN Card अपलोड करके Continue पर क्लिक कर दीजिए।
- Application को eSign करें:
अब eSign करके Finish पर क्लिक कर दीजिए। आपको Congratulations का मैसेज दिखाई देगा।
Create Password & PIN
अब आपको 2 दिन Wait करना है। दो दिन के अंदर आपके पास एक मेल आएगा, जिसमें आपकी Login ID और एक Password Setup Link मिलेगा। इस लिंक पर क्लिक करके आपको अपना Password और 2-Factor PIN बनाना है। जैसा कि नीचे स्क्रीनशॉट में दिखाया गया है। ध्यान रहे, यह पिन आपके बार-बार काम आएगा। यानि कि जब-जब आप लॉगिन करेंगे, तब-तब इस पिन की जरूरत पड़ेगी।

Share Market से पैसे कैसे कमाऐं?
पिन और पासवर्ड क्रिएट करने के बाद आपको जीरोधा की ऑफिशियल मोबाइल ऐप Kite by Zerodha डाउनलोड करनी है। और अपनी Login ID व Password की मदद से लॉगिन करना है। आपको बताना चाहूंँगा कि पहली बार लॉगिन करते वक्त आपसे लॉगिन आईडी और पासवर्ड मांगा जाएगा। लेकिन उसके बाद आप जब भी लॉगिन करेंगे, सिर्फ PIN के जरिए लॉगिन के पाऐंगे। खैर लॉगिन करने के बाद आपको कुछ इस तरह का इंटरफेस दिखाई देगा, जैसा कि नीचे पहले स्क्रीनशॉट में दिखाया गया है।

सबसे पहले उसके बाद नीचे Right Corner में मौजूद प्रोफाइल आइकॉन पर टैप करना है। और Funds में जाकर Add Funds पर टैप करना है। उसके बाद Amount दर्ज करके UPI अथवा Internet Banking के जरिए अपने Trading Account में Funds Add करने हैं। जैसा कि उपर दूसरे और तीसरे स्क्रीनशॉट में दिखाया गया है।
How To Buy/Sell Shares?
अब सवाल यह है कि शेयर्स कैसे खरीदें-बेचें? तो इसके लिए नीचे Left Corner में मौजूद Watchlist पर टैप कीजिए। और अपने मनपसंद Shares को सर्च करके अपनी Watchlist में एड कर लीजिए। यहाँ आपको 7 वॉचलिस्ट बनाने की सुविधा मिलती है। यानि कि आप सेक्टर वाईज या कैटेगरी वाईज 7 अलग-अलग वॉचलिस्ट बना सकते हैं।
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खैर, अपने मनपसंद Shares एड करने के बाद उस शेयर पर टैप कीजिए, जिसे आप खरीदना चाहते हैं। टैप करते ही आपके सामने कुछ इस तरह का इंटरफेस ओपन हो जाएगा, जैसा कि नीचे पहले स्क्रीनशॉट में दिखाया गया है।

यहाँ आपको BUY बटन पर करना है। जैसे ही आप Buy बटन पर टैप करेंगे, कुछ इस तरह का इंटरफेस ओपन हो जाएगा। जैसा कि उपर दूसरे और तीसरे स्क्रीनशॉट में दिखाया गया है। यहाँ आपको कई सारे ऑप्शन्स दिखाई देंगे। लेकिन आपको डरने की जरूरत नहीं है। क्योंकि यह बहुत ही सिंपल है। चलिए, इनके बारे में विस्तार से जानते हैं।
Kite App Features
यहाँ सबसे पहले आपको NSE और BSE में से कोई एक Exchange सलेक्ट करना है। उसके बाद Order Type में Regular सलेक्ट करना है। तत्पश्चात Quantity में शेयर्स की मात्रा एड करनी है। यानि कि आप कितने शेयर खरीदना चाहते हैं? उनकी संख्या लिखनी है। उसके बाद Intraday MIS और Longterm CNC में से किसी एक ऑप्शन का चुनाव कीजिए। अगर आप खरीदे हुए शेयर्स उसी दिन बेचना चाहते हैं, तो Intraday MIS का चुनाव कीजिए। वरना Delivery के लिए Longterm CNC का ऑप्शन सलेक्ट कीजिए।
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उसके बाद Type में Market, Limit, SL और SL-M में से कोई एक ऑप्शन सलेक्ट कीजिए। अगर आप Longterm के लिए खरीद रहे हैं, तो Market ही रहने दीजिए। वहीं Intraday के लिए Limit ऑप्शन का चुनाव कीजिए। और वह Price एंंटर कीजिए, जिस पर आप शेयर को खरीदना चाहते हैं। उदाहरण के लिए अगर शेयर की प्राइस 754.30 रूपये है। और आप इसे 752 रूपये में खरीदना चाहते हैं। तो आपको 752 रूपये एंटर करना है। जब प्राइस गिरकर 752 रूपये पर आएगी, तो आपका Order अपने आप एक्जीक्यूट हो जाएगा।
GTT (Good Till Triggered)
खैर, उसके बाद GTT में Stoploss का ऑप्शन सलेक्ट करना है। और Loss का Percentage एंटर करना है। यह बहुत ही महत्वपूर्ण फीचर है, जो सिर्फ जीरोधा पर ही देखने को मिलता है। यह फीचर आपको भारी नुकसान से बचाता है। अगर आप 15% का Stoploss लगाते हैं। तो इसका मतलब है कि आपको 15% से ज्यादा नुकसान नहीं होगा। यह फीचर तब काम आता है जब किसी शेयर का प्राइस एकदम से गिरने लगता है। ऐसी स्थिति में यह फीचर आपके शेयर्स 15% प्राइस गिरते ही बेच देता है। और आपको कंगाल होने से बचा लेता है।
खैर, उसके बाद Target में आपको Profit का Percentage एंटर करना है। यह Stoploss का बिल्कुल उल्टा है। इसके जरिए आप अपना प्रोफिट सेट कर सकते हैं। जैसे कि अगर आप किसी शेयर से 25% प्रोफिट कमाना चाहते हैं! तो Profit में आपको 25% एंटर करना है। इसका मतलब यह है कि जैसे ही शेयर्स का भाव 25% बढ़ेगा, आपका शेयर अपने आप बिक जाएगा। और आपको पच्चीस प्रतिशत का प्रोफिट हो जाएगा।
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खैर, उसके बाद Validity में Day ही रहने देना है। यह फीचर खास Limit Orders के लिए है। उसके बाद अंतिम ऑप्शन है Disc Qty. यानि कि Disclose Quantity. इसमें आप जितने भी शेयर्स खरीदते हैं, उनकी 20% Quantity Disclose (पब्लिक) करनी पड़ती है। जैसे कि अगर आप 200 शेयर्स खरीद रहे हैं तो आपको कम से कम 40 शेयर्स Disclose करने पड़ेंगे। बाई-डिफॉल्ट इस ऑप्शन में 0 होता है, जिसका मतलब है 100% क्वांटिटी डिस्क्लोज होगी। खैर, Disc Qty. डालने के बाद Arrow के बटन को Right Swipe कीजिए। और लो जी, आपका ऑर्डर लग चुका है। आप नीचे Orders सेक्शन पर टैप करके अपने सारे Orders देख सकते हैं।
Sell Shares On Zerodha
शेयर्स को बेचने के लिए भी यही Same प्रोसेस है। बस आपको शुरू में BUY की जगह SELL का ऑप्शन चुनना है। और उसके बाद शेयर्स की Quantity डालनी है। यानि कि आप कितने शेयर्स बेचना चाहते हैं, उनकी संख्या दर्ज कीजिए। जैसे कि अगर आपके पास HDFC के 100 शेयर्स हैं। और उनमें से आप 10 शेयर्स बेचना चाहते हैं, तो Quantity में 10 एंटर कीजिए। और उसके बाद वही प्रोसेस फॉलो कीजिए, जो Buying के वक्त की थी। अंत में Right Swipe कीजिए और लो जी, आपका Sell Order लग चुका है। आप Orders में जाकर चैक कर सकते हैं।
Share Market Portfolio
अपना पोर्टफोलियो चैक करने के लिए नीचे मैन मैन्यू में मौजूद Portfolio सेक्शन पर टैप कीजिए। और अपनी Total Investment तथा Current Status के साथ-साथ खरीदे गए शेयर्स की पूरी लिस्ट देखिए। यहाँ आपको 2 ऑप्शन्स मिलेंगे। एक Holdings और दूसरा Positions.
Holdings में आपको वे शेयर्स दिखाई देंगे, जो आपके Demat Account में हैं। अर्थात् जो शेयर्स आपने खरीदे और आपके डीमैट अकाउंट में पहुंच चुके हैं, वे आपको Holdings में दिखाई देंगे। यहाँ आप खरीदे गए शेयर्स की Quantity, Buying Price, Current Price, Profit & Loss और Profit & Loss का प्रतिशत देख सकते हैं।
Positions में आपको वे शेयर्स दिखाई देंगे, जो आपके डीमैट अकाउंट में नहीं है। अर्थात् जो शेयर्स आपने डिलीवरी के लिए खरीदे, मगर अभी तक आपके डीमैट अकाउंट में नहीं पहुंचे हैं, या फिर जो शेयर्स आपने Intraday के लिए खरीदे हैं, वे आपको Positions में दिखाई देंगे।

उसके बाद अगला ऑप्शन है Invested और Current का। यहाँ आप अपना Total Investment और उसकी Current Value देख सकते हैं। जैसे कि मेरी टोटल इनवेस्टमेंट 1,24,173.25 रूपये है। और उसकी मौजूदा वैल्यू 1,29,006.25 है।
उसके बाद अगला ऑप्शन है P&L का। इसका मतलब है Profit & Loss. यहाँ आप अपना नफा और नुकसान देख सकते हैं। जैसे कि मेरा मुनाफा 4,833.00 रूपये है। यह मेरे टोटल इन्वेस्टमेंट का 3.89% है। इस तरह आप Kite App की मदद से Shares Market में Invest और Trading कर सकते हैं। और घर बैठे पैसे कमा सकते हैं।
Share Market Summary
शेयर मार्केट, एक ऐसी जगह है, जहाँ आप कितने भी पैसे कमा सकते हैं। यहाँ पैसे कमाने की कोई लिमिट नहीं है। और सबसे अच्छी बात यह है कि यह पूरी तरह Legal और पारदर्शी है। यहाँ Online Fraud की कोई गुंजाइश नहीं है। हाँ, किसी थर्ड पार्टी कंपनी या व्यक्ति के झाँसे में आकर जरूर आप ठगी का शिकार हो सकते हैं। लेकिन NSE और BSE के लेवल पर ऐसा नहीं हो सकता। ऑनलाइन पैस कमाने की सबसे अच्छी और सबसे विश्वसनीय जगह अगर कोई है तो वह Share Market ही है।
शेयर मार्केट एक बहुत ही बड़ा और विस्तृत टॉपिक है, जिस पर हजारों आर्टिकल्स लिखे जा सकते हैंं। मगर फिर भी यह टॉपिक पूरी तरह कवर नहीं होगा। इस आर्टिकल में हमने शेयर मार्केट का बेसिक परिचय दिया। और शेयर मार्केट से पैसे कमाने का तरीका बताया। लेकिन यह जानकारी कुछ भी नहीं है। शेयर मार्केट में बहुत-सी Techniques और Strategies का इस्तेमाल होता है। साथ ही प्रोपर रिसर्च की जरूरत पड़ती है। इसीलिए पैसे इन्वेस्ट करने से पहले पूरी जानकारी प्राप्त कीजिए।
उम्मीद है, इस आर्टिकल के जरिए आपको Share Market Kya Hai? और Share Market Se Paise Kaise Kamaye? इस विषय में उपयोगी जानकारी मिली होगी। अगर यह आर्टिकल आपको पसंंद आया तो इसे लाईक और शेयर कीजिए। और ऐसे ही और आर्टिकल्स के लिए टेकसेवी डॉट कॉम को Subscribe कर लीजिए। ताकि जब भी हम नया आर्टिकल पब्लिश करें, आपको सूचना मिल जाऐ।
Share Market : FAQs
उत्तर: शेयर मार्केट एक ऐसा बाजार है, जहाँ शेयर्स की खरीद-फरोख्त होती है। अर्थात् कंपनियों के शेयर्स खरीदे और बेचे जाते हैं।
उत्तर: शेयर मार्केट से पैसे कमाने के 2 तरीके हैं – इनवेस्टमेंट और ट्रेडिंग। इनवेस्टमेंट का मतलब है, किसी कंंपनी के शेयर्स खरीदकर Hold करना। और 5-10 साल बाद बेचना, जब शेयर की Price कई गुना बढ़़ जाए। वहीं ट्रेडिंग का मतलब है रोज खरीदना और बेचना। इसमें कम कीमत में शेयर्स खरीदकर अधिक कीमत में बेचे जाते हैं।
उत्तर: NSE (National Stock Exchange) भारत का पहला इलेक्ट्रॉनिक स्टॉक एक्सचेंज है, जो Screen-Based Trading Interface मुहैया कराता है। यह Fully Automated है।
उत्तर: BSE (Bombay Stock Exchange) भारत का सबसे पहला स्टॉक एक्सचेंज हैं, जो एशिया सबसे पुराना और विश्व का 10 वाँ सबसे पुराना स्टॉक एक्सचेंज है।
उत्तर: निफ्टी-फिफ्टी NSE की एक Top 50 कंंपनियाँ की Index हैं। जिसमें भारत की टॉप 50 कंंपनियांँ शामिल हैं।
उत्तर: जब कोई कंपनी पहली बार Share Market में अपना Share लॉन्च करती है, तो उसे IPO (Initial Public Offering) कहा जाता है।
उत्तर: किसी कंपनी की कुल हिस्सेदारी का एक छोटा हिस्सा Share या Stock कहलाता है।
उत्तर: डीमैट अकाउंट एक डिजिटल अकाउंट होता है, जिसमें आपके Shares रखे जाता है। यानि कि जो शेयर्स आप Holding के लिए खरीदते हैं, उन्हें इसी Demate Account में रखा जाता है।
उत्तर: जिस अकाउंट से आप शेयर मार्केट में Trade करते हैं, वह Trading Account कहलाता है। अर्थात् जिस अकाउंट से आप शेयर्सकी खरीद-फरोख्त (Transactions) करते हैं, वह Trading Account कहलाता है।

